*अपडेटस,7.1 तीव्रता के भूकंप ने दक्षिणी जापान में मचाई तबाही,सुनामी चेतावनी जारी*/ रिपोर्ट स्पर्श देसाई

*अपडेटस,7.1 तीव्रता के भूकंप ने दक्षिणी जापान में मचाई तबाही,सुनामी चेतावनी जारी*/ रिपोर्ट स्पर्श देसाई 


(मुंबई/रिपोर्ट स्पर्श देसाई)दक्षिणी जापान के क्यूशू द्वीप पर 28 जुलाई, 2026 को स्थानीय समयानुसार शाम 4:27 बजे (07:27 GMT) 7.1 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप आया । यह भूकंप 10 किमी की उथली गहराई पर कुमामोटो प्रीफेक्चर के उकी शहर के पास आया। जिसके चलते इसकी तीव्रता जापान के''शिंडो''पैमाने पर उच्चतम स्तर 7 पर दर्ज की गई । 




अमेरिकी भूगर्भीय सर्वेक्षण (USGS) ने बाद में इसकी तीव्रता को संशोधित कर 6.8 बताया है । इस भूकंप के मद्देनजर भारी तबाही और हताहत की सूचना दी गई है। भूकंप के झटके इतने भीषण थे कि क्यूशू के कई इलाकों में भारी नुकसान हुआ है। उसके मद्देनजर शॉपिंग मॉल में हादसा हुआ। 



कुमामोटो के काशिमा शहर में स्थित एयॉन मॉल का दूसरा तल ढह गया। जिसमें कई लोग फंस गए। विस्फोट के बाद मॉल में आग भी लग गई। पुलिस ने "काफी संख्या में"लोगों के मारे जाने की आशंका जताई है । एक स्थानीय पब मालिक ने बताया कि एक बड़े विस्फोट के बाद धुएं का गुबार उठा और ज्वालामुखी की राख जैसा माहौल हो गया। कई घायल और मौतों को आंकड़ों के मद्देनजर कम से कम 50 लोग घायल हुए हैं। जिनमें से लगभग 40 को यात्सुशिरो शहर के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है ।


 12 से अधिक मकान पूरी तरह ढह गए हैं ।  ट्रेनें पलटीं और सेवाएं ठप हुआ। यात्सुशिरो स्टेशन पर एक मालगाड़ी पटरी से उतरकर करवट लेकर गिर गई । पूरे क्यूशू में शिंकानसेन बुलेट ट्रेनों और स्थानीय ट्रेनों का परिचालन सुरक्षा जांच के लिए रोक दिया गया है साथ में बिजली और संचार ठप हो गया है। लगभग 40,000 घरों की बिजली गुल हो गई है । 

क्यूशू के एसो कुमामोटो हवाई अड्डे का रनवे बंद कर दिया गया है और खुलने की कोई तारीख नहीं बताई गई है । सुनामी चेतावनी और परमाणु संयंत्रों पर असर देखें तो भूकंप के बाद जापान मौसम विज्ञान एजेंसी ने अरियाके और यात्सुशिरो सागरों के लिए 1 मीटर ऊंची लहरों की चेतावनी जारी की हालांकि यह चेतावनी करीब दो घंटे के भीतर वापस ले ली गई । इस क्षेत्र में स्थित सभी परमाणु ऊर्जा संयंत्रों जिनमें सेंडाई परमाणु संयंत्र भी शामिल है में किसी भी प्रकार की असामान्यता की सूचना नहीं है और वे सामान्य रूप से कार्यरत हैं । अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) ने स्थिति पर नज़र रखने की बात कही है । दौरान सरकारी कार्रवाई और राहत प्रयास जारी हैं। जापान की प्रधानमंत्री सानाए ताकाइची ने तुरंत एक टास्क फोर्स गठित करने के निर्देश दिए और राहत कार्यों के लिए 3,600 सैनिकों को तैनात किया है ।


 उन्होंने जनता से समुद्री तटों से दूर रहने और आग,बिखरे कांच के टुकड़ों से सावधान रहने की अपील की है । लगभग 300,000 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है । वैश्विक संदर्भ के मद्देनजर भूकंपीय गतिविधियों के हिसाब से यह भूकंप "रिंग ऑफ फायर" क्षेत्र में आया। जहां यूरेशियन प्लेट के नीचे फिलीपीन सागर प्लेट धंसती है। जापान में हर पांच मिनट में कम-से-कम एक भूकंप आता है, और दुनिया के 6.0 या उससे अधिक तीव्रता वाले 20% भूकंप यहीं आते हैं । गौरतलब है कि 10 साल पहले साल 2016 में कुमामोटो में आए 7.0 तीव्रता के विनाशकारी भूकंप में 275 लोगों की मौत हो गई थी और 2,700 से अधिक लोग घायल हुए थे । वहीं चीन के किंगहाई प्रांत में 5.0 तीव्रता का भूकंप भी दर्ज किया गया था हालांकि वहां किसी बड़े नुकसान की खबर नहीं है।(Photos Courtesy Social media and AI)

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